जिले में 14 हजार मीट्रिक टन से अधिक उर्वरक उपलब्ध
हर किसान को आवश्यकता के अनुसार मिलेगा उर्वरक
हरि शंकर पाराशर

कटनी।
रबी सीजन हेतु किसानों के लिए उर्वरक का पर्याप्त स्टॉक जिले में उपलब्ध होने के कारण कृषक भाईयों को आवश्यकता के मुताबिक उर्वरक उपलब्ध कराया जा रहा है। जिले की सहकारी समितियों, विपणन संघ, एमपी एग्रो और निजी विक्रेताओं को मिलाकर 14 हजार 709 मीट्रिक टन उर्वरक की उपलब्धता है। इस संबंध में उप संचालक कृषि ने बताया कि जिले में सर्वाधिक मात्रा में 7 हजार 9 मीट्रिक टन यूरिया, 4 हजार 280 मीट्रिक टन एसएसपी के अलावा 1 हजार 38 मीट्रिक टन एनपीके और 2 हजार 381 मीट्रिक टन डीएपी और उर्वरक उपलब्ध है। वहीं निजी विक्रेताओं के पास सर्वाधिक मात्रा में 3 हजार 697 मीट्रिक टन यूरिया, 2 हजार 130 मीट्रिक टन एस.एस.पी के अलावा 342 मीट्रिक टन एनपीके और 531 मीट्रिक टन डीएपी और उर्वरक उपलब्ध है।
कृषि विभाग द्वारा दी गई जानकारी के मुताबिक जिले के डबल लॉक केन्द्र कटनी और बहोरीबंद में 2 हजार 302 मीट्रिक टन यूरिया, 1 हजार 426 मीट्रिक टन डीएपी, 384.4 मीट्रिक टन एनपीके के अलावा 1 हजार 45 मीट्रिक टन एसएसपी उर्वरक उपलब्ध है। जबकि एम पी एग्रो कटनी व बरही में 317 मीट्रिक टन, विपणन सहकारी समिति मर्यादित घंटाघर एवं उमरिया पान में 247 मीट्रिक टन उर्वरक उपलब्ध है। वहीं किसान विपणन सहकारी समिति बड़वारा और रीठी में 50.8 मीट्रिक टन उर्वरक उपलब्ध है। इसके अतिरिक्त जिले के 54 पीएसीएस केन्द्रों में भी उर्वरक की पर्याप्त उपलब्धता है। किसानों को सतत आपूर्ति और मांग के अनुरूप उपलब्धता सुनिश्चित करने कलेक्टर दिलीप कुमार यादव ने अधिकारियों को पहले ही निर्देशित किया हुआ है। जिले में पर्याप्त मात्रा में रासायनिक उर्वरक की उपलब्धता है। जिसका वितरण जरूरत के मुताबिक हर किसान को किया जा रहा है।









